22/05/2020. P/65

हिन्दी/
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एक दिन की बात है। प्राथमिक विद्यालय से होम के कुछ लडके भाग गए जो पकड़ में नहीं आए। उस दिन रमेश सर मेरे पास आए बोले शशि तुझे मै हॉस्पिटल ले चलता हूं। जो नाम बताऊं और जो फादर का नाम बताऊं वहीं बताना रमेश सर येस इसलिए कर रहे थे। कि कोई होम का लड़का हॉस्पिटल से भागता है तो उसका कोई रिपोर्ट नहीं देना पड़ता ना ही उस केयर टेकर के जॉब के उपर कोई इफेक्ट पड़ता सिर्फ थाने में एफआईआर देना पड़ता है। उसकी एक कॉपी भागने भले लडके के फाइल में लगा कर एक वीक के बाद केस बंद कर देते है। इसलिए ज्यादातर लडके भागने के बाद होम से कुछ भरोसे मंद लड़कों को हस्पिटल ले जाकर भाने वाले लडके के नाम पर मेडिकल रिपोर्ट बनवा लेते है। और रिपोर्ट देने से बच जाते थे। उस दिन रमेश सर ने मुझे इसीलिए बुलाया था। मना करने का कोई सवाल ही नहीं था। सिवाय हा बोलने के शाम के समय हॉस्पिटल में आपातकाल चलता है। और बहुत तेजी से स्टाफ एक्शन लेते है। दवा नहीं मिलती सिर्फ इंजेक्शन लगता है। मैने रमेश सर से पूछा कोन सा बीमारी बताऊं तो रमेश सर ने कहा जो मर्जी करे बता दिए। जब मेडिकल कि पर्ची बनवाने लगे तो मैने पेट दर्द, डस्त, उल्टी, सर में दर्द, बुखार , कमजोरी बताया । जब डॉक्टर के पास गया तो उसने नर्स को कुछ लिखकर दिया फिर नर्स ने मुझे स्ट्रेचर पर लेट जाने को कहा उसके बाद तो नर्स ने मुझे उतने इंजेक्शन मारे जितना मैंने बीमारी बताया था। बम पे चार इंजेक्शन हाथ में एक एक इंजेक्शन नर्स इतनी खूबसूरत थी। कि उसके सामने चिल्लाना भी नहीं चाहता था। एक वीक तक ठीक से बैठा भी नहीं गया था।









English translate/
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 Once upon a time.  Some of the home boys ran away from primary school who did not catch up.  That day Ramesh sir came to me and said, Shashi, I take you to the hospital.  Ramesh Sir was doing this to tell the name of the father and who should tell the name of the father.  If a boy of a home runs away from the hospital, he does not have to give any report nor has any effect on the job of that caretaker, only an FIR has to be given in the police station.  After putting a copy of his escape in the file of the good boy, he closes the case after one week.  Therefore, most of the boys run away after taking some confident boys from the hospital to get a medical report made in the name of the boy who is being sent to hospital.  And used to avoid giving reports.  That's why Ramesh sir called me that day.  There was no question of refusal.  Except in the evening of speaking, there is an emergency in the hospital.  And very fast staff take action.  The medicine is not available, only the injection takes place.  When I asked Ramesh sir, what kind of disease I told him, Ramesh sir said whatever he said he would do.  When the medical prescription started to be made, I told stomach pain, dust, vomiting, headache, fever, weakness.  When I went to the doctor, he gave the nurse something to write, then the nurse asked me to lie down on the stretcher. After that the nurse hit me with as many injections as I had told about the disease.  One injection nurse was so beautiful with four injection hands on the bomb.  Didn't even want to shout in front of him.  Did not even sit properly for one week.






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